रायपुर
वेदों और वैदिक संस्कृति के लिए अपना महत्वपूर्ण योगदान देते हुए भारत में सुधार आंदोलन की नींव रखने वाले आर्य समाज के संस्थापक, महर्षि दयानंद सरस्वती की इस वर्ष 200वीं जयंती मनाई जा रही है। इस खास अवसर का जश्न मनाने के लिए 10 से 12 फरवरी 2024 तक उनके जन्मस्थल टंकारा, जिला मोरबी, गुजरात में जन्मोत्सव-स्मरणोत्सव का आयोजन किया गया है। इस समारोह में लाखों आर्य समाज अनुयायी शामिल होंगे। दुनिया भर से लाखों अनुयायी आर्य संदेश टीवी चैनल और आर्य समाज के अन्य सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से जुड़ेंगे।
आयोजन के तीसरे दिन 12 फरवरी को राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। महर्षि के इस स्मरणोत्सव में दुनिया के अलग अलग कोनों से दो करोड़ से ज्यादा आर्य समाज के सदस्य शामिल होंगे जो वैक्ष्विक स्तर पर महर्षि दयानंद सरस्वती की शिक्षाओं का प्रतीक है। जन्मोत्सव के पहले दिन गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेन्द्र पटेल एवं राज्यपाल आचार्य देवव्रत और दूसरे दिन गृह मंत्री अमित शाह मौजूद रहेंगें एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअली इस आयोजन से जुडेंगें।

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