हैदराबाद
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने घोषणा की कि हैदराबाद शहर को प्रदूषण-मुक्त बनाया जा रहा है… इसके तहत प्लास्टिक के इस्तेमाल पर पूरी तरह बैन लगाया जाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार ने आउटर रिंग रोड (ORR) के तहत 'कोर अर्बन रीजन इकोनॉमी' (CURE) एरिया को प्लान के हिसाब से डेवलप करने का फैसला लिया है.
मंगलवार को CM ने हैदराबाद के कमांड कंट्रोल सेंटर में म्युनिसिपल एडमिनिस्ट्रेशन और अर्बन डेवलपमेंट डिपार्टमेंट का रिव्यू किया. इस मौके पर उन्होंने जोनल कमिश्नरों को 'CURE' एरिया की सफाई के निर्देश दिए.
CM ने कहा कि शहर में कचरा मैनेजमेंट बहुत मुश्किल हो गया है और वह इसे सुधारने को सबसे ज़्यादा प्राथमिकता दे रहे हैं. उन्होंने नए जोनल कमिश्नरों को हर दिन फील्ड लेवल पर जाकर समस्याओं को हल करने, तालाबों, नालों और कचरा डंपिंग यार्ड में CCTV कैमरे लगाने… और लगातार स्थिति पर नजर रखने का निर्देश दिया.
उन्होंने सुझाव दिया कि सफाई को बेहतर बनाने के लिए महीने में तीन दिन एक खास ड्राइव चलाई जाए और टैंकों और नहरों में कचरा फेंकने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए. इसके लिए, CM ने कॉलोनी वेलफेयर सोसाइटियों और अपार्टमेंट सोसाइटियों के साथ अच्छे संबंध बनाने की सलाह दी.
सरकार ने ‘CURE’ स्कीम के तहत डीजल बसों और ऑटो की जगह इलेक्ट्रिक गाड़ियां लाने का फैसला लिया है. टैंकों और नहरों को अतिक्रमण से बचाया जाना चाहिए. जन्म और मृत्यु सर्टिफिकेट, बिजनेस लाइसेंस और दूसरे सर्टिफिकेट ऑनलाइन दिए जाने चाहिए और ट्रांसपेरेंट तरीके से काम किया जाना चाहिए.
गुड गवर्नेंस को स्मार्ट गवर्नेंस में बदला जाना चाहिए. हाइड्रा, GHMC और जल मंडली डिपार्टमेंट जनवरी से नहरों से गाद निकालना शुरू कर दें. यह पक्का किया जाना चाहिए कि शहर में काफी स्ट्रीट लाइटें हों. सभी जोन के कमिश्नर मच्छरों को रोकने और फैलने वाली बीमारियों को फैलने से रोकने के लिए कदम उठाएं. जहां भी कोई समस्या आए, उसे हल करने के लिए एक टोल-फ्री नंबर दिया जाए और शिकायतों पर तुरंत जवाब दिया जाए. अगले पांच साल के लिए एक एक्शन प्लान तैयार किया जाए. स्पेशल चीफ सेक्रेटरी जयेश रंजन ‘क्योर’ एरिया में अलग-अलग डिपार्टमेंट के अधिकारियों के बीच कोऑर्डिनेशन के लिए जिम्मेदार होंगे.
मीटिंग में लिए गए दूसरे फैसले
- ‘क्योर’ एरिया के होटलों में फूड सेफ़्टी के नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख़्त कार्रवाई की जानी चाहिए
- सरकारी ऑफिस के लिए जगह दी जानी चाहिए और बिल्डिंग बनाई जानी चाहिए
- ऑफिस किराए की बिल्डिंग से सरकारी बिल्डिंग में शिफ़्ट किए जाने चाहिए
- ‘क्योर’ एरिया के तालाबों, पोखरों और नहरों की पूरी मैपिंग की जानी चाहिए
- बारिश के मौसम में बाढ़ से होने वाली दिक्कतों को रोकने और कब्ज़े हटाने के लिए कदम उठाए जाने चाहिए
- बड़े तालाबों को ठीक करके उन्हें सुंदर एरिया में डेवलप किया जाना चाहिए
- अगले पाँच सालों में डेवलपमेंट का काम करने के लिए एक एक्शन प्लान तैयार किया जाना चाहिए
CM रेवंत रेड्डी ने कहा कि शहर का भविष्य तभी बदलेगा जब सब मिलकर काम करेंगे और वह हर महीने एक बार जोनल कमिश्नरों के साथ खुद रिव्यू करेंगे. इस मीटिंग में चीफ सेक्रेटरी (CS) रामकृष्ण राव, चीफ मिनिस्टर के एडवाइजर वेम नरेंद्र रेड्डी, GHMC कमिश्नर आरवी कर्णन, हाइड्रा कमिश्नर एवी रंगनाथ, जोनल कमिश्नर और दूसरे अधिकारी शामिल हुए.

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