चिली
जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (जीएफजेड) ने जानकारी देते हुए बताया कि बुधवार को सेंट्रल चिली के तट के पास 6.5 तीव्रता का भूकंप आया। गौरतलब है कि जीएफजेड ने कहा कि भूकंप उथला था, 10 किमी (6.21 मील) की गहराई पर। दरअसल धरती के अंदर टेक्टोनिक प्लेट्स हैं। ये प्लेट्स लगातार अपनी गती से घूमती रहती हैं। जिस कारण से जब ये प्लेट आपस में टकराती हैं और एक दूसरे से रगड़ती हैं तो एक कंपन पैदा होता है और भूकंप आता है।
आप की जानकारी के लिए बता दें कि रिक्टर मैग्नीट्यूड स्केल 1 से 9 तक होती है। भूकंप की तीव्रता को उसके केंद्र यानी एपीसेंटर से नापा जाता है। भू विशेषज्ञ उस केंद्र से निकलने वाली ऊर्जा को इसी स्केल से नापते है।

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