रायपुर
प्रयागराज महाकुंभ में दिगंबर अखाड़े ने छत्तीसगढ़ के वेदांत ज्योतिषाचार्य संतश्री अभिरामदास जी महाराज को भावानंद पीठ गणमुक्तेश्वर का जगदगुरु द्वाराचार्य के पद पर प्रतिष्ठित किया.
उल्लेखनीय है कि अभिराम दास सारे छत्तीसगढ़ में प्रसिद्ध कथा वाचक हैं, जिनके छत्तीसगढ़ के अलावा बिहार के साथ अन्य प्रदेशों में भी शिष्य हैं. अभिरामदास महाराज ने लोगों को व्यसनमुक्त कराकर सद्मार्ग में लाकर उनके जीवन को परिवर्तित किया है.
अभिराम दास महाराज केवल गंगा जल का ही पान करते हैं. लोगों को शास्त्रों की गूढ़ बातों को बताकर नियम और संयम में प्रवेश कराकर अध्यात्म की ओर प्रेरित किया है, जिससे उनका शिष्य परिवार पूरे प्रदेश में फैला हुआ है.

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