भोपाल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को सागर में चौथे रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में शामिल उद्योगपतियों के साथ राउंड टेबल कांफ्रेंस में नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में उपलब्ध व्यापक अवसर और चुनौतियों के संबंध में चर्चा की। उन्होंने उद्यमियों से संवाद में नवीन निवेश प्रोत्साहन नीति अनुसार समय सीमा में सभी सुविधाएं व स्वीकृतियां उपलब्ध कराने के साथ ऑनलाइन प्रदत्त सुविधा और आसानी से जमीन आवंटन के संबंध में जानकारी दी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्र सरकार की भांति प्रदेश में भी नवकरणीय ऊर्जा क्षेत्र को बढ़ावा देने की नीति तैयार की गई है। इसमें विकास व विस्तार की व्यापक संभावना है। उन्होंने कहा कि उद्योगपति सरकार से मिलने वाले प्रोत्साहन का लाभ लें और अपने उद्योग को नये आयाम आयाम प्रदान कर रोजगार के अवसर में भी बढ़ोत्तरी करें। पवन और सौर ऊर्जा के साथ ही हाइडल पॉवर में निवेश की वृहद संभावना का क्षेत्र है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार उद्योगपतियों के बेहतर आइडिया और सुझाव पर आगे बढ़ेगी।
प्रमुख सचिव, उद्योग श्री राघवेन्द्र कुमार सिंह ने प्रदेश की नवीन उद्योग नीति से अवगत कराया। साथ ही आसान प्रक्रिया के जरिए मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही। उद्योगपतियों ने भी प्रदेश की निवेश पॉलिसी की सराहना की। गुड़गांव से आए उद्योगपति ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का सम्मान भी किया।
टेक्सटाइल्स उद्योग से संबंधित समस्याओं को दूर किया जाएगा
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सागर के रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के दौरान द्वितीय राउंड टेबल कांफ्रेंस में टेक्सटाइल्स क्षेत्र में उद्यम स्थापना और इससे संबंधित समस्याओं को दूर करने संबंधी चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में हर उद्योग को बढ़ावा दिया जाएगा। एक प्लेटफॉर्म पर उद्योगपतियों की समस्याओं का निराकरण होगा। उन्होंने स्टार्ट-अप उद्यमियों से भी चर्चा की। टेक्सटाइल्स के महत्व और बिजनेस की कठिनाइयों के निवारण पर भी संवाद किया गया। उद्योगपतियों से शासन की नीति और सुविधाओं का लाभ लेकर व्यवसाय बढ़ाने और रोजगार के अवसर सृजित करने का आग्रह किया गया।

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