दमोह
मध्य प्रदेश के दमोह में प्रशासन एक नई पहल करने जा रहा है। यह पहल प्रकृति को बचाने के पक्ष में होने जा रही है। दरअसल प्लास्टिक से पार पाने के लिए दमोह प्रशासन इस दिशा में कदम उठाने जा रहा है। दमोह जिले में पहली बार सरकारी कार्यक्रमों में डिस्पोजल प्लास्टिक कप की जगह बिस्किट से बने खाने योग्य एडिबल कप प्रयोग में लाएं जाएंगे। इन एडिबल कपों कपो की खास बात ये होगी कि यह बिस्किट से बने होगें और इनको खाया भी जा सकता है।
कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर की एक खास प्लानिंग
दरअसल ये पहल दमोह कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर की एक खास प्लानिंग पर हो रही है। सुधीर कोचर ने इसके बारे में बताते हुए कहा कि वो जब भोपाल मीट में शामिल होने गए थे, वहां पर उन्होंने इन एडिबल कपों का प्रयोग होते देखा था और वहीं से ये आइडिया उनके मन में आया है। कोचर ने कहा कि ये कप इसलिए भी उन्हें अच्छे लगे क्योंकि अगर इनका चलन सरकारी कार्यक्रमों में शुरु होता है तो कम से कम प्लास्टिक कपों को तो बंद किया जा सकता है।
प्रशासनिक बैठकों में होगा प्रयोग शुरु
कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने ज्यादा जानकारी देते हुए कहा कि ने प्रशासनिक बैठकों, कार्यालयों में एडिबल कपों का उपयोग होने से बडे स्तर पर लाभ होगा। ये कप मजबूत बिस्किट से बनाए गए हैं, जिनमें कोई गर्म चीज डालने से भी सुरक्षित रूप से परोसा जा सकता हैं। यहीं नहीं गर्म पेय का उपयोग करने के बाद इनको खाया जा सकेगा। इससे सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि कचरे की समस्या भी खत्म हो जाएगी।
सुधीर कोचर ने कहा कि पर्यटन विकास विभाग ने आइएस मीट में ऐसे एडबिल कपों का उपयोग किया गया था ,इसके बाद ही लिए प्लान तैयार किया है। इसके लिए एडबिल कप को बनाने के लिए स्वं सहायता समूहों को ट्रेनिंग दी जाएगी।

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