भोपाल।आनंद योग ट्रस्ट के अध्यक्ष एवं विश्व ज्योतिष कांग्रेस के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष राज ज्योतिष डॉ. विनीत तिवारी को राजा भोज ज्योतिष पीठ के शासी निकाय का अध्यक्ष चुना गया। राजा भोज ज्योतिष पीठ के माध्यम से डॉ. विनीत तिवारी राजा भोज के ज्योतिष ,वास्तु , योग, आयुर्वेद, व्याकरण ,साहित्य, काव्य, नाट्य, संगीत , कला आदि क्षेत्रों में उनके योगदान को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेंगे। राजा भोज ज्योतिष पीठ का प्रमुख उद्देश्य है ज्योतिष की दिव्य ज्योति से विश्व को आलोकित करना तथा वैदिक ज्योतिष की प्रामाणिक शिक्षा और अनुसंधान को बढ़ावा देना ।
ग्यारहवीं शताब्दी के महान शासक राजा भोज (लगभग 1010–1055 ई.) न केवल पराक्रमी योद्धा थे, बल्कि भारतीय इतिहास के सर्वाधिक विद्वान शासकों में से एक माने जाते हैं। राजा भोज को लगभग 84 ग्रंथों का रचयिता माना जाता है, जिनमें व्याकरण, काव्यशास्त्र, योग , आयुर्वेद, खगोल-ज्योतिष, वास्तु एवं स्थापत्य कला से संबंधित ग्रंथ प्रमुख हैं। वास्तुशास्त्र के क्षेत्र में उनका सबसे महत्वपूर्ण योगदान समराङ्गणसूत्रधार है यह 83 अध्यायों वाला विशाल ग्रंथ नगर-योजना, मंदिर-निर्माण, मूर्तिकला, चित्रकला तथा यंत्र-विज्ञान (यांत्रिक उपकरण) का प्रामाणिक कोश माना जाता है। सरस्वतीकण्ठाभरण और शृंगारप्रकाश जैसे ग्रंथों में काव्य एवं रस-सिद्धांत का गहन विवेचन है, जबकि नाट्यशास्त्र और संगीत संबंधी उनके योगदान भारतीय कला-परंपरा को और समृद्ध करते हैं। भोपाल का प्रसिद्ध भोजताल और भोजपुर का शिव मंदिर भी उनके दूरदर्शी निर्माण कार्यों के जीवंत प्रतीक हैं।
उक्त जानकारी राजा भोज ज्योतिष पीठ के प्रशासनिक अधिकारी डॉ. सुधीर पांडे ने जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में दी।

More Stories
सपने में मंदिर, सांप या सूर्योदय दिखे तो क्या होता है? जानें 7 सपनों के संकेत
फिटकरी के इन आसान उपायों से दूर होगी आर्थिक तंगी, घर में बनी रहेगी बरकत
घर की चाबियां कहां रखें? इन 5 जगहों पर भूलकर भी न रखें, जानें सही दिशा