February 15, 2026

बिहार में पीएम मोदी ने महिलाओं को दी बड़ी सौगात- खातों में ट्रांसफर किये 10-10 हजार रुपये

पटना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को बिहार की महिलाओं को कई सौगातें दी। पीएम मोदी ने प्रदेश की 75 लाख महिलाओं के खाते में 10-10 हजार की राशि ट्रांसफर की और कहा कि आपके दो भाई नरेंद्र और नीतीश आपकी खुशहाली और समृध्दि के लिए लगातार काम कर रहे हैं। इस दौरान पीएम मोदी ने मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना का शुभारंभ किया। इस योजना का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण, राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना और महिलाओं में स्वरोजगार के अवसर को बढ़ाना है। मोदी ने कहा कि आपका ये भाई तब खुश होता है, जब उसकी बहन स्वस्थ हो, उसका परिवार खुश हो। आज आपके दो भाई नरेंद्र और नीतीश मिलकर बहनों के लिए लगातार काम कर रहे हैं। आज हमारी बेटियां बड़ी संख्या में पुलिस में आ रही हैं। लड़ाकू विमान उड़ा रही हैं।

पीएम मोदी ने कहा हमें वो दिन भी नहीं भूलने है, जब बिहार में राजद की सरकार थी। अराजकता की सबसे ज्यादा मार मेरी बिहार की माताओं ने ही झेली है। उस समय सडक़, पुल-पुलिया का नाम तक नहीं था, इन चीजों से सबसे ज्यादा तकलीफ महिलाओं को ही होती है। राजद के राज में बिहार में खौफ था। नक्सली आतंक बेहिसाब था। इसका दर्द सबसे ज्यादा महिलाओं को सहना पड़ता था। आज जब नीतीश जी के नेतृत्व में कानून का राज लौटा है तो सबसे ज्यादा राहत महिलाओं ने महसूस की हैं। आज बेटियां बेखौफ होकर घर से निकलती हैं।

इस अवसर सीएम नीतीश कुमार ने कहा, बिहार में पहले की सरकार ने कोई काम नहीं किया। 24 नवंबर 2005 से जब से एनडीए की सरकार बनी हम काम में लगे हैं। अब बिहार में कानून का राज है। हमने शुरू से महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया। नीतीश ने लालू यादव पर निशाना साधते हुए कहा, ये तो हट गया था 7 साल के बाद तो पत्नी को बना दिया सीएम। वो केवल अपने परिवार को देखते हैं। हम लोग जनता के लिए काम करते हैं। हमने बिहार के विकास के लिए काम किया है।

पीएम ने दीदियों से किया संवाद
भोजपुर की रीता देवी की बातें सुनकर प्रधानमंत्री मुस्कुरा दिए। उन्होंने कहा कि आप कितनी जल्दी-जल्दी बोलती हैं। आपने तो इतनी सारी योजनाएं गिनवा दीं। पीएम ने हाथ जोडक़र रीता देवी का अभिवादन किया। गयाजी के नूर जहां खातून की बातें सुनकर पीएम ने कहा, आपने बढिय़ा तरीके से बताया। मेरा एक काम करेंगी। आप हफ्ते में 50 दीदी को इकट़ठा कर के अपनी बातों को समझाइए। उन लोगों को इससे प्रेरणा मिलेगी।