नई दिल्ली
अदाणी समूह पर हिंडनबर्ग की रिपोर्ट को लेकर संसद में हंगामा शांत नहीं हो रहा है। विपक्षी दलों के हंगामे के चलते इस मुद्दे पर लगातार तीसरे दिन भी संसद ठप रही। दो दिन के अवकाश के बाद सोमवार को बजट सत्र की कार्यवाही शुरू हुई, लेकिन दोनों सदनों में कोई कामकाज नहीं हो पाया।
चर्चा के लिए तैयार विपक्ष!
उधर, संसद की कार्यवाही के दौरान अपनी रणनीति पर चर्चा के लिए विपक्षी दल भी बैठक कर रहे हैं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के दफ्तर में मंगलवार सुबह विपक्षी दलों की बैठक हुई। सूत्रों के मुताबिक, विपक्षी दल आज चर्चा के लिए तैयार हैं। आम आदमी पार्टी को छोड़कर सभी दल चर्चा के लिए तैयार हो गए हैं।
बीजेपी संसदीय दल की बैठक
संसद सत्र शुरू होने से पहले दिल्ली में बीजेपी संसदीय दल की बैठक हो रही है। ये बैठक पीएम मोदी की अध्यक्षता में हो रही है। इस बैठक में शामिल होने के लिए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी, अर्जुन राम मेघवाल, अश्विनी वैष्णव, डॉ. भागवत कराड, डॉ. एस जयशंकर और वी. मुरलीधरन के अलावा कई नेता शामिल हैं।
हम चर्चा के लिए तैयार हैं। जेपीसी या मुख्य न्यायाधीश की निगरानी वाली जांच समिति से अदाणी मुद्दे पर जांच कराई जाए: खरगे
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने अडानी मुद्दे पर विस्तृत चर्चा के लिए लोकसभा में स्थगन प्रस्ताव का नोटिस दिया।
हिंडनबर्ग रिपोर्ट पर चर्चा के लिए बीआरएस सांसद के केशव राव ने नियम 267 के तहत राज्यसभा में सस्पेंशन ऑफ बिजनेस नोटिस दिया।
कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने एलआईसी, एसबीआई द्वारा निवेश में कथित धोखाधड़ी के मुद्दे पर चर्चा के लिए राज्यसभा में नोटिस दिया।
संसद के बाहर भी विरोध प्रदर्शन
विपक्षी दल अदाणी मामले में जेपीसी जांच की मांग कर रहा है। इसको लेकर संसद के अंदर ही नहीं, बाहर भी प्रदर्शन हो रहा है। कांग्रेस ने सोमवार को अदाणी समूह को कर्ज देने वाले एलआईसी और एसबीआई के कार्यालयों के सामने देशभर में विरोध प्रदर्शन कर सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश की।

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