पंजाब
पंजाब मुख्यमंत्री भगवंत मान व पंजाब पुलिस को धमकी मिलने की खबर सामने आई है। जानकारी के अनुसार, सिख फॉर जस्टिस के आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने चंडीगढ़ ग्रेनेड ब्लास्ट मामले में सीएम मान और पंजाब पुलिस को चुनौती देते हुए धमकी दी है। पन्नू ने अपना नया वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए चंडीगढ़ ब्लास्ट के आरोपियों को कानूनी सहायता देने की बात कही है, साथ ही पंजाब पुलिस के अधिकारियों को भविष्य में भी इसी तरह के हमले करने की चुनौती दी गई है।
आतंकी पन्नू ने कहा कि चंडीगढ़ ब्लास्ट खालसाई न्याय की आवाज उठाता है। पन्नू ने सीएम मान को संदेश देते हुए कहा कि, ''खाकी से दोस्ती कुर्सी तक, भगवा से नफरत जिंदगी तक।'' पंजाब पुलिस ने चंडीगढ़ में धमाका करने वालों के सिर पर 2 लाख रुपए का इनाम रखा है। सिख फॉर जस्टिस युवाओं की सुरक्षा पर 5 लाख रुपए खर्च करेगा। इसी के साथ पन्नू ने पुलिस अधिकारी जसकीरत सिंह चाहल देते हुए कहा कि, खालसाई न्याय की गोली सदैव चलती रहेगी। एसएफजे पंजाब को स्वतंत्र बनाने के लिए वोट अभियान चला रहा है। सीएम भगवंत मान और पुलिस अधिकारियों को याद रखना चाहिए, सूचियां बना ली गई हैं और कुछ चुनिंदा लोगों को न्याय मिलेगा।
बताया जा रहा है कि आतंकी पन्नू का यह वीडियो चंडीगढ़ में ग्रेनेड हमले के मुख्य आरोपी रोहन मसीह की गिरफ्तारी से पहले आया है। पंजाब पुलिस के डीजीपी गौरव यादव ने जानकारी सांझा की थी कि पुलिस ने ग्रेनेड फेंकने वाले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है जोकि अमृतसर के पसिया गांव का रहने वाला है। इस दौरान उसके कब्जे से एक 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल और गोला-बारूद बरामद किया गया। गौरतलब है कि, बब्बर खालसा इंटरनेशनल पहले ही चंडीगढ़ में एक घर पर हुए ग्रेनेड हमले की जिम्मेदारी ले चुका है। हाल ही में हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी पसियान के सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट मिली है, जिसमें हमले की जिम्मेदारी लेने के साथ ही 1986 में जालंधर के नकोदर में हुई घटना का भी जिक्र किया गया है। जब 1986 की घटना हुई, तब सेवानिवृत्त एसएसपी जसकीरत सिंह पंजाब पुलिस में नकोदर में एसएचओ थे।

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